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बिहार राज्य जलछाजन सचिव संघ (कृषि विभाग )ने अपनी मांगों को लेकर गर्दनीबाग धरना स्थल पर किया धरना प्रदर्शन

जनपथ न्यूज डेस्क
Reported & Edited by: राकेश कुमार
7 मार्च 2024

पटना: बिहार राज्य जलछाजन सचिव संघ के राज्य सामान्य परिषद के निर्णय के अनुसार दिनांक 7 मार्च 2024 को माननीय मुख्यमंत्री बिहार सरकार पटना के समक्ष मैंगो की पूर्ति के लिए धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया धरना स्थल पर आयोजित सभा की अध्यक्षता राज्य अध्यक्ष सोनम कुमार ने किया सभा को मुख्य रूप से बिहार राज्य राजपत्रित कर्मचारी महासंघ के राज्य अध्यक्ष नीलम कुमारी बिहार राज्य राजपत्रित कर्मचारी महासंघ के सहायक महामंत्री बालकृष्ण मेहता बिहार राज्य जालसाजन सचिव संघ के राज्य सचिव मुकेश कुमार राजवंशी राज कोषाध्यक्ष रंजन कुमार सिंह सचिव अजय कुमार सचिव पवन कुमार यादव सचिव रेखा कुमारी ज्योति कुमारी खुशबू कुमारी विनीत कुमार वरुण देव सिंह छोटू कुमार अजय तिवारी पूजा कुमारी तरुण कुमार वीरू कुमार श्याम सुंदर कुमार आमोद मानव अजीत कुमार ज्ञान प्रकाश कंचन कुमारी मंटू कुमार सोनी कुमारी विकास कुमार यादव रवीश कुमारमुकेश कुमार बलिराम बलिराम कुमार सनातन कुमार आनंद शर्मा शशि प्रसाद गुप्ता नंदलाल सिंह राकेश कुमार राहुल कुमार पंकज कुमार नितीश कुमार शोभन सरोज और अनुपम कुमार आदि नेताओं ने संबोधित किया सभा को संबोधित करते हुए सभी वक्ताओं ने बिहार सरकार से मांग किया की भूमि संरक्षण कृषि विभाग जालसाजन विकास समिति में कार्यरत सभी पंचायत जलसा जलसचिव को सरकारी सेवक घोषित किया जाए पंचायत जलसा जान सचिवों को जब तक सरकारी सेवक घोषित नहीं किया जाता है तब तक सरकार के द्वारा निर्धारित न्यूनतम वैधानिक मजदूरी 26000 रुपए दिया जाए भूमि संरक्षण में पंचायत जलसा जैन सचिव के पद पर कार्यरत सचिवों की कार्य अवधि को उम्र सीमा 60 वर्ष तक किया जाए पंचायत जलछाजन सचिवों को 2022 से मिल रहा मानदेय 5000 रुपया से बढ़कर कम से कम ₹25000 दिया जाए और भूमि संरक्षण से कार्य करने की स्वतंत्रता दिया जाए।

भूमि संरक्षण में पंचायत जलछाजन सचिवों को बिहार राज्य अंतर्गत उन जिलों में पदस्थापित कर कार्य कराया जाए। पंचायत जालछाजन पोषक क्षेत्र को मुक्त किया जाए ताकि अन्य जिलों में सचिवअपने अपनी सेवा स्वतंत्रता पूर्वक दे सके अगर हमारी मांगों को सरकार द्वारा पूरा नहीं किया गया तो उग्र आंदोलन करने के लिए हम बाध्य हो जाएंगे और जिसकी जवाब भी सारी जवाब देही बिहार सरकार एवं स्वास्थ्य विभाग की होगी।

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