जनपथ न्यूज डेस्क

Edited by: राकेश कुमार
31 अगस्त 2022

मानसून में हुई औसत से कम बारिश ने अन्नदाता के अरमानों पर पानी फेर दिया। कम बारिश के चलते जिले में लाखों एकड़ फसल बर्बाद बताई जा रही है।

इस बारे में बिहार प्रदेश महिला कांग्रेस की पूर्व उपाध्यक्षा और बाबु धाम ट्रस्ट की अध्यक्षा मंजुबाला पाठक ने संवाददाताओ से बात करते हुए बताया कि चंपारण में पर्याप्त वर्षा नहीं होने से किसानों की लाखों एकड़ फसल बर्बाद हो गई हैं।
फलस्वरुप किसान उदास और हताश है। साथ ही किसानों को सरकार द्वारा हर्जाना और कोई आर्थिक मदद नहीं मिलने से किसान परेशान हैं और उनकी माली स्थिति काफी खराब हैं।
खाद, बीज और किटनाशक आदि दवाईयां किसानों ने दुकानदारों से उधार लेकर खेतों में लगाया परंतु प्रयाप्त वर्षा नहीं होने से चंपारण में सुखा पड़ गया और किसानों की फसलें बर्बाद हो गई।

उक्त सिलसिलें में बाबु धाम ट्रस्ट की अध्यक्षा और कांग्रेस नेत्री ने चंपारण के किसानों के लिए बिहार सरकार से अविलंव मुवावजा राशि की मांग की है।
बाबु धाम ट्रस्ट की अध्यक्षा और संस्थापक के निर्देश पर कार्यकर्ता क्षेत्र में कमजोर किसानों के घर जाकर उनकी समस्या सुन रहें हैं और सरकार और प्रशासन तक उनकी बात पहुंचा रहें हैं।
उक्त सिलसिले में कार्यकर्ता अशोक तिवारी और मुन्ना मिश्रा के नेतृत्व में कार्यकर्त्ताओं का दल बगहाँ, वाल्मिकीनगर, योगापट्टी, नौतन, भितहा, नरकटियागंज, रामनगर और सिकटा प्रखंडों का दौरा कर भौतिक रूप से हुए फसल नुकसान का जायजा ले रहे हैं ताकि सरकार को उन किसानों की फसल नुकसान की संभावित आकलन कर सूची दिया जा सकें।

अध्यक्षा मंजुबाला पाठक ने कहा कि किसान ही देश की रीढ़ की हड्डी हैं और किसानों की दशा सुधारने की लगातार कोशिश होनी चाहिए।

 189 total views,  3 views today