जितेन्द्र कुमार सिन्हा, पटना, 16 सितम्बर ::

महान विचारक, युग प्रवर्तक, विश्व गुरू स्वामी विवेकानन्द की शिकागो में दिए गए युगान्तरकारी सम्बोधन के उपलक्ष्य में जीकेसी (ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस) का विजय दिवस कार्यक्रम वैश्विक स्तर पर चल रहा है। उक्त जानकारी प्रदेश प्रवक्ता मुकेश महान ने दी।

उन्होंने बताया कि जीकेसी द्वारा चलाया जा रहा विजय दिवस कार्यक्रम की कड़ी में वृहस्पतिवार को रॉयल गॉर्डेन अपार्टमेंट, नागेश्वर कॉलोनी, पटना में “कुटीर उद्योग” कार्यशाला का आयोजन किया गया। देर रात तक चली इस कार्यक्रम का नेतृत्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष-सह-प्रदेश अध्यक्ष दीपक अभिषेक और पटना जिला महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष नन्दा कुमारी ने की।

मुकेश महान ने बताया कि जीकेसी के बिहार प्रदेश ने लघु कुटीर उद्योग को धरातल पर लाने वाला ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस के अन्तर्गत विश्व का पहला राज्य है। इस उद्योग
के माध्यम से समाज की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है और इसकी प्रेरणा प्रबंध न्यासी
रागिनी रंजन की देन है।

इन्होंने बताया कि प्रबंध न्यासी रागनी रंजन के इस संकल्प को पूरा करने की जवाबदेही बिहार में दीपक कुमार अभिषेक, नन्दा कुमारी, वन्दना सिन्हा, रचना सिन्हा, रश्मि सिन्हा, आराधना कुमारी, वन्दना कुमारी और इनकी पूरी टीम को सौंपा है।

प्रवक्ता मुकेश महान ने बताया कि प्रबंध न्यासी रागिनी रंजन ने कहा है कि कुटीर उद्योग सामाजिक एवं आर्थिक जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए एक विशेष अभियान है, जिसे समर्पित भाव से पूरा करने की जवाबदेही जीकेसी के सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों की है।

उन्होंने बताया कि कार्यक्रम की शुरूआत ग्लोबल अध्यक्ष राजीव रंजन प्रसाद ने भगवान श्री चित्रगुप्त चित्र के समझ दीप प्रज्जवलन एवं स्वामी विवेकानन्द के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि करने के बाद कहा कि लगभग सवा सौ वर्ष होने को हैं जहाँ शिकागो से स्वामी विवेकानन्द ने हिन्दुस्तान को विश्व गुरू होने का गौरव हम सभी को दिलाया। इस शुभ अवसर पर ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस ने एक सप्ताह तक विश्व विजय दिवस मनाने का निर्णय लिया एवं दुनिया के ज्यादातर देशों में एवं हिन्दुस्तान में न केवल शहरों/महानगरों में बल्कि सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों में भी कार्यक्रम आयोजित किए गए। साथ ही साथ स्लम के बच्चों के बीच कॉपी, किताब, बिस्कुट एवं चॉकलेट आदि का वितरण भी जगह-जगह पर किया गया। कई विद्यालयों में निबंध, कई स्थानों पर खेल प्रतियोगिताएं आदि भी इस आयोजन का हिस्सा रहे हैं।
बिहार में इसमें एक कड़ी और जोड़कर कुटीर उद्योग जो प्रबंध न्यासी रागिनी रंजन ने एक ऐसी सोच को प्रतिपादित किया जिससे समाज में महिलाओं के सशक्तिकरण को नई दिशा मिले। इस अभियान को देश के कई हिस्सों में शुरू करने की तैयार चल रही थी, परन्तु बिहार प्रदेश के महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष नन्दा कुमारी और उनकी टीम बधाई की पात्र हैं जिन्होंने इस संकल्प को बिहार की जमीन पर तीज के अवसर से ही उतारा है।

मुकेश महान ने बताया कि प्रबंध न्यासी रागिनी रंजन द्वारा कुटीर उद्योग कार्यशाला में महिलाओं को उड़द एवं मूंग की बरी बनाने की विधि बताते हुए स्वयं बरी बनाकर जीकेसी के महिलाओं को प्रशिक्षित किया। इनका मार्गदर्शन महिलाओं के लिए काफी उत्साहवर्द्धक रहा। इन्होंने विस्तार से वैश्विक स्तर पर ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस कुटीर उद्योग में तैयार सामानों के मार्केंटिंग के संबंध में विस्तार से चर्चा की।

उन्होंने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष दीपक कुमार अभिषेक ने महिलाओं द्वारा कुटीर उद्योग में तैयार किये गये सामग्रियों के प्रदर्शन एवं वितरण के लिए महिलाओं की टीम को शुभकामनाएं दी गयी।

प्रवक्ता मुकेश महान ने बताया कि इस कार्यक्रम में रश्मि सिन्हा, नन्दा कुमारी, वन्दना सिन्हा, वन्दना कुमारी, दुर्गा कुमारी, पुष्पमाला कुमारी, आराधना कुमारी, रचना सिन्हा, निलेश रंजन, संजय कुमार सिन्हा, बलिराम जी, मुकेश महान, धनंजय प्रसाद, नवनीत विजय, मनीष कुमार सिन्हा, प्रसुन्न कुमार सहित जीकेसी के अन्य सदस्यगण उपस्थित थे।
———

2 Views